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मंदिर-मस्जिद बनते रहे तो बेटे को बनाना पड़ेगा पुजारी- केजरीवाल





सियासत और जारी हंगामे के बीच दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सिग्नेचर ब्रिज का उद्घाटन कर दिया है. इस दौरान जनता को संबोधित करते हुए सीएम केजरीवाल ने कहा कि मंदिर-मस्जिद और स्टेच्यू बनवाने से देश की तरक्की नहीं होगी. उन्होंने कहा कि देश की तरक्की हॉस्पिटल, स्कूल और सिग्नेचर ब्रिज बनाने से होगी.

केजरीवाल ने पंडित जवाहर लाल नेहरू को याद करते हुए कहा, देश सौभाग्यशाली है कि जवाहरलाल जैसा पहला प्रधानमंत्री मिला. नेहरू ने एक विजन के साथ देश की नींव रखी. उन्होंने आईआईटी, बीएचईएल और कई इंस्टीट्यूट बनवाए. पंडित नेहरू भी अगर मंदिर और स्टेच्यू बनवाते तो देश तरक्की नहीं करता.

केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा कि मोदी सरकार ने देश को मंदिर और स्टेच्यू में उलझा दिया है. अगर ये मंदिर या मस्जिद बनाते रहे तो आपको अपने बेटे को मंदिर में पुजारी बनाना पड़ेगा.

केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली को लाल किले और क़ुतुबमीनार से जाना जाता है और अब सिग्नेचर ब्रिज को दिल्ली में जाना जाएगा. विदेशी सैलानियों के भारत में आने के बाद उनकी लिस्ट में सिग्नेचर ब्रिज होगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली में ईमानदार सरकार न होती तो अगले 5 साल तक सिग्नेचर ब्रिज नहीं बनता.

सिग्नेचर ब्रिज का क्रेडिट मुख्यमंत्री केजरीवाल ने उपमुख्यमंत्री को देते हुए कहा कि सिर्फ मनीष सिसोदिया की वजह से सिग्नेचर ब्रिज बना. उन्होंने कहा कि विज्ञान और इंजीनियरिंग से देश आगे बढ़ सकता है.

बता दें कि कल यानी सोमवार से सिग्नेचर ब्रिज के शानदार सफर का मज़ा लिया जा सकेगा. सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन से ठीक पहले बीजेपी ने मौके पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया. दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी अपने समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे. मनोज तिवारी के वहां पहुंचने पर हंगामा शुरू हो गया. इस दौरान मनोज तिवारी को गुस्सा आ गया और वो पुलिस से भिड़ गए. बीजेपी दिल्ली अध्यक्ष मनोज तिवारी ने कहा कि मैंने ब्रिज के निर्माण को दोबारा शुरू कराया था और अब अरविंद केजरीवाल उद्घाटन समारोह आयोजित कर रहे हैं.

  

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