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'दिल्ली में दम घुटता है', आसमान पर छाई जहरीले धुएं की चादर










राजधानी दिल्ली में धुंध की चादर लगातार फैलती जा रही है और ये चादर जान लेवा है. दिल्ली की हवा की गुणवत्ता लगातार खराब स्थिति में है और मंगलवार को आए आंकड़े डराने वाले हैं. मंगलवार को दिल्ली की Air Quality Index (AQI) PM2.5 288 और PM10280 पर पहुंची. ये दोनों ही आंकड़े गंभीर श्रेणी में आते हैं.

सीपीसीबी ने चेतावनी दी है कि हाल-फिलहाल में हालात में बदलाव नहीं आएंगे और दिवाली तक स्थिति और बिगड़ सकती है.

उत्तरी दिल्ली में जहांगीरपुरी, पश्चिम दिल्ली में मुंडका, दक्षिणी दिल्ली में द्वारका और पूर्वी दिल्ली में आनंद विहार में वायु गुणवत्ता में बेहद खराब देखी गई और यह 'गंभीर' श्रेणी में रही.

पुराने वाहनों पर लगी रोक

दिल्ली में वायु की गुणवत्ता लगातार खराब होने के मद्देनजर उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पेट्रोल के 15 साल पुराने और डीजल के 10 साल पुराने वाहनों के परिचालन पर प्रतिबंध लगा दिया. वहीं, बढ़ते प्रदूषण को लेकर भाजपा नीत केंद्र सरकार और दिल्ली की आप सरकार एक दूसरे पर आरोप - प्रत्यारोप लगा रही है.

चौंकाती है ये रिपोर्ट

इसी बीच, विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएयओ) की एक रिपोर्ट आई है, जिसके मुताबिक 2016 में भारत में पांच साल से कम उम्र के करीब एक लाख बच्चों की जहरीली हवा के प्रभाव में आने से मौत हो गई.

साथ ही, इसमें बताया गया कि निम्न एवं मध्यम आय-वर्ग के देशों में पांच साल से कम उम्र के 98 फीसद बच्चे 2016 में हवा में मौजूद महीन कण (पीएम) से होने वाले वायु प्रदूषण के शिकार हुए.

केजरीवाल ने पड़ोसियों पर फोड़ा ठीकरा

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली में गंभीर वायु प्रदूषण के लिए केंद्र और हरियाणा एवं पंजाब की सरकारों को जिम्मेदार ठहराया और आरोप लगाया कि आप सरकार के सभी प्रयासों के बावजूद वे कुछ भी करने को तैयार नहीं हैं.

केजरीवाल ने ट्वीट किया, ‘‘दिल्ली में प्रदूषण पूरे वर्ष नियंत्रण में रहा लेकिन प्रतिवर्ष इस समय (सर्दियों में) दिल्ली को केंद्र, भाजपा नीत हरियाणा और कांग्रेस नीत पंजाब सरकारों के चलते गंभीर प्रदूषण का सामना करना पड़ता है.’’

  

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